फर्जी सिक्योरिटी पेपर तैयार कर गिट्टी-बालू के अवैध परिवहन का नेटवर्क बेनकाब
फर्जी परमिट तैयार करने वाला लैपटॉप-प्रिंटर सहित 04 अभियुक्त गिरफ्तार
सोनभद्र। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के द्वारा जनपद में अवैध खनन, खनिजों के अवैध परिवहन, फर्जी दस्तावेज तैयार कर राजस्व एवं शासकीय व्यवस्था को क्षति पहुँचाने वाले अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के क्रम में
थाना रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने पंजीकृत मु0अ0सं0 555/2026 धारा 303(2), 317(2), 319(2), 318(4), 336(3), 338, 340(2) बीएनएस, धारा 4/21 खान एवं खनिज (विकास का विनियमन) अधिनियम, 1957 एवं धारा 3 सार्वजनिक सम्पत्ति क्षति निवारण अधिनियम, 1984 में वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु क्षेत्राधिकारी नगर द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुपालन में प्रभारी निरीक्षक रॉबर्ट्सगंज रामस्वरूप वर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम द्वारा कार्रवाई की गयी। पुलिस टीम द्वारा चौकी हिन्दुआरी क्षेत्र के तेन्दु नहर के पास वांछित अभियुक्तों की तलाश की जा रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि मुकदमे से संबंधित अभियुक्तगण हनुमान जी मंदिर, तेन्दु (मगुरही) परिसर में एकत्र होकर फर्जी दस्तावेज तैयार करने की तैयारी में हैं। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर 04 अभियुक्तों मे 1.अश्विनी पटेल पुत्र मनोज सिंह पटेल, निवासी ग्राम कूराकला, थाना पन्नूगंज, जनपद सोनभद्र, उम्र करीब 22 वर्ष, 2.उमेश यादव पुत्र संजय, निवासी ग्राम अतरवा शमशेर, थाना नौगढ़, जनपद चंदौली, उम्र करीब 22 वर्ष, हिमांशु पाण्डेय पुत्र राजकुमार पाण्डेय, निवासी प्रीतनगर, थाना चोपन, जनपद सोनभद्र, उम्र करीब 22 वर्ष व 4 शक्तिमान कुमार पुत्र धनेश सिंह, निवासी हलिया बांध, थाना चकरघट्टा, जनपद चंदौली, उम्र करीब 28 वर्ष। को गिरफ्तार किया गया। लैपटॉप और प्रिंटर से तैयार होते थे फर्जी सिक्योरिटी पेपर-
पूछताछ एवं बरामदगी से सामने आया कि अभियुक्तगण द्वारा ब्लैंक सिक्योरिटी पेपर/फार्म-11 को डिजिटल माध्यम से एडिट कर उसमें वाहन संख्या, चालक का विवरण, गिट्टी-बालू की मात्रा एवं अन्य विवरण भरकर फर्जी परमिट तैयार किए जाते थे। गिरफ्तार अभियुक्त शक्तिमान कुमार के कब्जे से बरामद HP कम्पनी का लैपटॉप एवं Canon कम्पनी का प्रिंटर फर्जी सिक्योरिटी पेपर तैयार करने में प्रयुक्त किए जाने की बात प्रकाश में आयी है। अभियुक्तगण द्वारा पूछताछ में यह भी बताया गया कि हिमांशु पाण्डेय ब्लैंक सिक्योरिटी पेपर उपलब्ध कराता था, जबकि अश्विनी पटेल एवं उमेश यादव उन पेपरों को शक्तिमान के सहज जनसेवा केन्द्र पर ले जाकर अपनी आवश्यकता के अनुसार एडिट कराते थे। इसके बाद तैयार फर्जी दस्तावेजों का प्रयोग गिट्टी-बालू लदे वाहनों के परिवहन में किया जाता था।
पूछताछ में प्रकाश में आया कि गिरोह में अलग-अलग व्यक्तियों की भूमिका निर्धारित थी—
•ब्लैंक सिक्योरिटी पेपर उपलब्ध कराना।
•पेपर को डिजिटल माध्यम से एडिट कर फर्जी परमिट तैयार करना।
•वाहन संख्या, चालक का नाम-पता एवं खनिज संबंधी विवरण अंकित करना।
•फर्जी दस्तावेज के आधार पर गिट्टी-बालू का परिवहन कराना।
•इस अवैध गतिविधि से आर्थिक लाभ अर्जित करना।
अभियुक्तों द्वारा दिनांक 16.06.2026 एवं 22.06.2026 को भी फर्जी सिक्योरिटी पेपर तैयार कराए जाने की बात पूछताछ में सामने आयी है। इन दस्तावेजों एवं इनके माध्यम से कराए गए खनिज परिवहन के संबंध में पुलिस द्वारा विस्तृत विवेचनात्मक एवं तकनीकी जांच की जा रही है।
गिरफ्तार किए गए चारों अभियुक्तों के विरुद्ध नियमानुसार आवश्यक विधिक कार्यवाही पूर्ण करते हुए चारों अभियुक्तों को कानून के हवाले किया गया।चारों अभियुक्तों के विरुद्ध उपलब्ध साक्ष्यों, बरामदगी एवं विवेचनात्मक तथ्यों के आधार पर अग्रिम विधिक कार्यवाही प्रचलित है। अभियुक्तों के गिरफ्तारी के दौरान प्रभारी निरीक्षक रामस्वरूप वर्मा थाना रॉबर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, निरीक्षक नागेश सिंह, एसओजी प्रभारी जनपद सोनभद्र मय टीम, हे0का0 संदीप राय, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, का0 रुपेश कुमार, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, हे0का0 संदीप यादव, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, हे0का0 अवनीश सिंह, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, का0 अभिमन्यु पाण्डेय, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र, का0 दीपक सिंह, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र व चालक हे0का0 नन्दलाल राम, थाना रावर्ट्सगंज जनपद सोनभद्र शामिल थे।
Delhi 34 news report journalist by Chandra Mohan Shukla
!doctype>


0 Comments